(रिंटू वर्मा)
पीलीभीत। उपाधि महाविद्यालय के वाणिज्य विभाग के तत्वावधान में “कृत्रिम बुद्धिमत्ता (AI)—आज की आवश्यकता, कल की चुनौती” विषय पर एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन महाविद्यालय सभागार में किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ अतिथियों द्वारा माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्ज्वलन कर किया गया। स्वागत उद्बोधन डॉ. अमित कुमार ने प्रस्तुत करते हुए कार्यशाला के उद्देश्य पर प्रकाश डाला।
AI को खतरा नहीं, अवसर मानें विद्यार्थी : नेहा पंत जोशी
कार्यशाला की मुख्य वक्ता नेहा पंत जोशी ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता आज शिक्षा, व्यापार, स्वास्थ्य और प्रशासन सहित अनेक क्षेत्रों में अहम भूमिका निभा रही है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे AI को रोजगार के लिए खतरा न मानें, बल्कि अवसर के रूप में अपनाएं और समय के साथ नई तकनीकों को सीखते रहें।
नैतिकता और डेटा सुरक्षा जरूरी : निर्मल राजपूत
अन्य वक्ता निर्मल राजपूत ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता के उपयोग के साथ नैतिकता और मानवीय मूल्यों का संतुलन बनाए रखना आवश्यक है। उन्होंने डेटा सुरक्षा, गोपनीयता तथा जिम्मेदार तकनीकी उपयोग पर जोर देते हुए कहा कि विवेकपूर्ण प्रयोग से AI समाज के विकास का सशक्त माध्यम बन सकता है।
भविष्य तकनीक आधारित होगा : सूर्य प्रकाश
वक्ता सूर्य प्रकाश ने कहा कि आने वाला समय पूरी तरह तकनीक आधारित होगा, जिसमें कृत्रिम बुद्धिमत्ता की भूमिका केंद्रीय रहेगी। उन्होंने विद्यार्थियों को तकनीकी दक्षता के साथ तार्किक सोच और समस्या-समाधान क्षमता विकसित करने की सलाह दी।
शिक्षा को अधिक प्रभावी बना रही AI
शिक्षक वक्ता डॉ. जितेंद्र नाथ मिश्रा ने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता शिक्षा प्रणाली को अधिक प्रभावी, शोधोन्मुखी और विद्यार्थी-केंद्रित बना रही है। वहीं डॉ. अनुपम पाण्डेय ने विद्यार्थियों से पाठ्यक्रम के साथ-साथ तकनीकी नवाचारों को अपनाने का आह्वान किया।
वाणिज्य क्षेत्र में तेजी से बढ़ रहा AI का प्रभाव
वाणिज्य विभाग के प्रभारी प्रोफेसर विनय कुमार गर्ग ने बताया कि लेखांकन, ऑडिट, वित्तीय विश्लेषण एवं निर्णय-निर्माण जैसे क्षेत्रों में AI का प्रभाव तेजी से बढ़ रहा है, इसलिए विद्यार्थियों के लिए इसकी समझ अनिवार्य हो गई है।
कार्यशालाएँ विद्यार्थियों को भविष्य के लिए करती हैं तैयार
महाविद्यालय के प्राचार्य प्रोफेसर दुष्यंत कुमार ने कहा कि इस तरह की कार्यशालाएँ विद्यार्थियों को भविष्य की चुनौतियों के लिए तैयार करती हैं। उन्होंने वाणिज्य विभाग की पहल की सराहना की।
छात्रों ने भी रखे विचार, किया गया सम्मान
कार्यक्रम में बीकॉम के छात्र-छात्राओं श्रेया सैनी, पावनी शर्मा, माही शर्मा, नितेश वर्मा, श्रेयस शर्मा, लक्ष्य शर्मा एवं अनीशा ने भी अपने विचार प्रस्तुत किए। विभाग की ओर से विद्यार्थियों को सम्मानित किया गया। कार्यक्रम का संचालन असिस्टेंट प्रोफेसर कौशल कुमार ने किया।
बड़ी संख्या में शिक्षक व विद्यार्थी रहे मौजूद
इस अवसर पर प्रोफेसर प्रणव शर्मा, डॉ. दिवाकर सिंह, डॉ. दुर्गेश धर द्विवेदी, डॉ. कविता, डॉ. शैफाली, प्रोफेसर विपिन नीरज सहित वाणिज्य संकाय के शिक्षक एवं बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित रहे। अंत में डॉ. अमित कुमार ने सभी अतिथियों का आभार व्यक्त किया।

