रिंटू वर्मा…
पीलीभीत। जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रोशनी सिंह ने मंगलवार को मरौरी ब्लॉक के पांच परिषदीय विद्यालयों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण में कहीं शिक्षक अनुपस्थित मिले तो कहीं विद्यालयों में गंदगी और व्यवस्थाओं की बदहाली सामने आई। वहीं घेरा रिछोला के विद्यालय में व्यवस्थाएं बेहतर मिलने पर बीएसए ने शिक्षामित्र की सराहना की। निरीक्षण की भनक लगते ही ब्लॉक के अन्य विद्यालयों में भी हड़कंप मचा रहा।
बीएसए सबसे पहले प्राथमिक विद्यालय मोहनपुर पहुंचीं। सुबह साढ़े आठ बजे तक सहायक अध्यापिका पूजा कुमारी, अर्चना गंगवार और शिक्षामित्र रेनू शर्मा विद्यालय नहीं पहुंची थीं। इस पर तीनों का एक दिन का वेतन रोकने के निर्देश दिए गए। विद्यालय परिसर में व्यापक गंदगी मिलने पर प्रधानाध्यापक को फटकार लगाते हुए परिसर और शौचालयों को साफ-सुथरा रखने के निर्देश दिए।
इसके बाद जूनियर हाईस्कूल मोहनपुर के निरीक्षण में शौचालय गंदा मिला और विद्यालय की अन्य व्यवस्थाएं भी अस्त-व्यस्त मिलीं। बीएसए ने प्रधानाध्यापक का स्पष्टीकरण तलब किया। कंपोजिट विद्यालय देवीपुरा में भी शौचालय में गंदगी मिलने पर प्रधानाध्यापक से स्पष्टीकरण देने को कहा गया।
प्राथमिक विद्यालय गुर्ज गोटिया में स्थिति और खराब मिली। विद्यालय के मैदान में व्यापक गंदगी पाई गई। बीएसए ने शिक्षण स्टाफ को साफ-सफाई पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए। निरीक्षण के दौरान प्रधानाध्यापिका अवकाश पर मिलीं।
इसके विपरीत प्राथमिक विद्यालय घेरा रिछोला में सभी व्यवस्थाएं बेहतर मिलीं। शिक्षामित्र हेमवती शिक्षण कार्य करती मिलीं, जबकि दो शिक्षिकाएं अवकाश पर थीं। विद्यालय में मिड-डे मील की गुणवत्ता भी बेहतर मिली। बीएसए ने छात्र-छात्राओं के साथ जमीन पर बैठकर मिड-डे मील खाया और अच्छी व्यवस्थाओं के लिए शिक्षामित्र की सराहना की।
बीएसए ने निरीक्षण के दौरान शिक्षकों को छात्र-छात्राओं की डिजिटल अटेंडेंस अनिवार्य रूप से लगाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि डिजिटल अटेंडेंस में लापरवाही बरतने वाले शिक्षकों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी।

