रिंटू वर्मा…
पीलीभीत:गोरखपुर के शहीद अशफाक उल्ला खान प्राणि उद्यान के महावतों ने पीलीभीत टाइगर रिजर्व पहुंचकर हाथियों की देखभाल और प्रबंधन से जुड़ी महत्वपूर्ण बारीकियों का प्रशिक्षण लिया। दो दिवसीय एक्सपोजर विजिट के तहत पहुंचे महावतों ने यहां के अनुभवी महावतों के साथ मिलकर हाथियों के व्यवहार, आहार और स्वास्थ्य से संबंधित व्यवस्थाओं की जानकारी हासिल की। प्रशिक्षण पूरा होने के बाद बुधवार को दोनों महावत आगे के प्रशिक्षण के लिए दुधवा टाइगर रिजर्व के लिए रवाना होंगे।
रेस्क्यू सेंटर के लिए दिया जा रहा प्रशिक्षण
गोरखपुर स्थित शहीद अशफाक उल्ला खान प्राणि उद्यान में बीते वर्ष हाथी रेस्क्यू सेंटर स्थापित किया गया है। इस सेंटर में रेस्क्यू किए गए हाथियों को रखा गया है और उनकी देखभाल की जिम्मेदारी महावतों को सौंपी गई है। हाथियों की बेहतर देखभाल और प्रबंधन सुनिश्चित करने के उद्देश्य से प्राणि उद्यान प्रशासन की ओर से दो महावतों को एक्सपोजर विजिट के तहत प्रशिक्षण के लिए पीलीभीत टाइगर रिजर्व भेजा गया।
व्यवहारिक प्रशिक्षण में सीखी महत्वपूर्ण जानकारी
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में प्रशिक्षण के दौरान गोरखपुर से आए महावतों ने यहां के अनुभवी महावतों के साथ दैनिक कार्यप्रणाली में सहभागिता की। इस दौरान उन्हें हाथियों की देखभाल, उनके व्यवहार को समझने, आहार प्रबंधन तथा स्वास्थ्य संबंधी गतिविधियों के बारे में व्यवहारिक प्रशिक्षण दिया गया।
दुधवा टाइगर रिजर्व में भी मिलेगा प्रशिक्षण
पीलीभीत टाइगर रिजर्व में प्रशिक्षण पूरा करने के बाद दोनों महावत बुधवार को आगे के प्रशिक्षण के लिए दुधवा टाइगर रिजर्व के लिए रवाना होंगे, जहां उन्हें हाथियों के प्रबंधन से जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां दी जाएंगी।
महावतों को कुशल बनाना है उद्देश्य
पीलीभीत टाइगर रिजर्व के डिप्टी डायरेक्टर मनीष सिंह ने बताया कि इस एक्सपोजर विजिट का मुख्य उद्देश्य महावतों को हाथियों के व्यवहार, स्वास्थ्य और सुरक्षा से जुड़ी बारीकियों में दक्ष बनाना है, ताकि रेस्क्यू किए गए हाथियों की बेहतर देखभाल सुनिश्चित की जा सके।

