पीलीभीत – नामांकन बढ़ाने को प्रशासन और जनप्रतिनिधि एकजुट…बच्चों का तिलक कर हुआ स्वागत, बैग-पुस्तकें पाकर खिले चेहरे

Share Also

रिंटू वर्मा…

पीलीभीत में स्कूल चलो अभियान के प्रथम चरण का शुभारंभ मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ द्वारा बनारस से किया गया, जिसका सजीव प्रसारण गांधी स्टेडियम प्रेक्षागृह में आयोजित कार्यक्रम में छात्र-छात्राओं, शिक्षकों और जनप्रतिनिधियों की मौजूदगी में दिखाया गया। कार्यक्रम की शुरुआत मुख्य अतिथि जिला पंचायत अध्यक्ष डॉ. दलजीत कौर सहित अन्य अतिथियों ने मां सरस्वती के चित्र के समक्ष दीप प्रज्वलित कर की।


मुख्यमंत्री का संदेश: अधिक से अधिक नामांकन पर जोर

मुख्यमंत्री ने अपने संबोधन में विकसित राज्य बनाने के लिए शिक्षा को सबसे महत्वपूर्ण आधार बताया। उन्होंने सभी जनप्रतिनिधियों, अधिकारियों, शिक्षकों और अभिभावकों से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक बच्चों का स्कूलों में नामांकन सुनिश्चित करें और इस अभियान को जनआंदोलन बनाएं।


जनप्रतिनिधियों ने शिक्षा को बताया विकास की कुंजी

मुख्य अतिथि डॉ. दलजीत कौर ने कहा कि सरकार की पहल से शिक्षा क्षेत्र में नए आयाम स्थापित हुए हैं और हर बच्चे का स्कूल में दाखिला जरूरी है। वहीं बरखेड़ा विधायक स्वामी प्रवक्तानंद ने कहा कि शिक्षा के बिना समाज और देश का विकास संभव नहीं है तथा 2017 के बाद बेसिक शिक्षा में व्यापक सुधार देखने को मिला है।


जिलाधिकारी का आह्वान: कोई बच्चा न छूटे

जिलाधिकारी ज्ञानेंद्र सिंह ने सभी से संकल्प लेने को कहा कि गांव का कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। उन्होंने शिक्षकों को अभिभावकों से संपर्क कर नामांकन बढ़ाने के निर्देश दिए और कहा कि विकसित भारत के निर्माण में सभी की भागीदारी आवश्यक है।


नव प्रवेशित छात्रों का स्वागत और सम्मान

कार्यक्रम में नव प्रवेशित छात्र-छात्राओं का अक्षत-रोली से तिलक कर एवं माला पहनाकर स्वागत किया गया। उन्हें स्कूल बैग और निशुल्क पाठ्य पुस्तकें वितरित की गईं, जिन्हें पाकर बच्चों के चेहरे खुशी से खिल उठे।


निपुण विद्यालय शिक्षकों का सम्मान

इस अवसर पर निपुण विद्यालय के शिक्षकों को अतिथियों द्वारा सम्मानित किया गया। साथ ही शिक्षा की गुणवत्ता को बेहतर बनाने के प्रयासों की सराहना की गई।


बीएसए का संदेश: लक्ष्य से पीछे न हटें

जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी रोशनी सिंह ने सभी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि शिक्षा की अलख अंतिम व्यक्ति तक पहुंचनी चाहिए। उन्होंने शिक्षकों को निर्देश दिया कि नामांकन लक्ष्य पूरा होने तक लगातार प्रयास जारी रखें और एक भी बच्चा छूटना नहीं चाहिए।


आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित हो रहे स्कूल

कार्यक्रम में बताया गया कि स्कूलों में फर्नीचर की पर्याप्त व्यवस्था के साथ-साथ स्मार्ट क्लास और आईसीटी लैब की स्थापना की जा चुकी है, जिससे शिक्षा का स्तर और बेहतर हो रहा है।


कार्यक्रम में बड़ी संख्या में रही सहभागिता

इस अवसर पर कई जनप्रतिनिधि, अधिकारी, शिक्षक-शिक्षिकाएं और छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन दुर्गेश कुमार आर्य ने किया।


Share Also

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *