पीलीभीत। पूरनपुर कोतवाली क्षेत्र के ग्राम प्रसादपुर में सोमवार देर शाम हुई सड़क दुर्घटना के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया। स्कूटी सवार पूर्व प्रधान के भाई की मौत के बाद परिजनों ने हादसे को हत्या करार देते हुए जमकर हंगामा किया। शव उठाने से इनकार कर परिजन एफआईआर दर्ज करने की मांग पर अड़े रहे। हालात को देखते हुए पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों को देर रात तक मौके पर डटे रहना पड़ा।इधर पुलिस ने ब्लॉक प्रमुख पति सहित चार के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज कर ली है।
प्रसादपुर गोशाला के पास हुआ हादसा
जानकारी के अनुसार, ग्राम रम्पुरा फकीरे निवासी पूर्व प्रधान के भाई 45 वर्षीय श्रीकृष्ण पुत्र नंदराम स्कूटी से घर लौट रहे थे। प्रसादपुर गोशाला के पास पहुंचते ही कार ने स्कूटी को टक्कर मार दी। टक्कर लगते ही श्रीकृष्ण सड़क पर गिर पड़े और उनकी मौके पर ही मौत हो गई। बताया गया कि जिस कार से टक्कर हुई, उस पर ब्लॉक प्रमुख लिखा हुआ था, जिसे पूरनपुर ब्लॉक प्रमुख से संबद्ध बताया जाता रहा। देखते ही देखते बड़ी संख्या में ग्रामीण एकत्र हो गए।
अधिकारियों ने संभाला मोर्चा
कोतवाल पवन कुमार पांडे ने परिजनों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन परिजन अपनी मांग पर अडिग रहे। स्थिति को देखते हुए एसडीएम अजीत प्रताप सिंह और सीओ प्रतीक दहिया भी मौके पर पहुंच गए। अधिकारियों और परिजनों के बीच देर रात तक वार्ता चलती रही, लेकिन तब तक शव घटनास्थल से नहीं उठाया जा सका।
ब्लॉक प्रमुख पति सहित चार पर हत्या का मुकदमा दर्ज
काफी समझाने-बुझाने और दबाव के बाद मृतक के पुत्र अरविंद की ओर से पूरनपुर के ब्लॉक प्रमुख पति निर्विकार उर्फ़ अपूर्व सिंह, युद्धवीर उर्फ़ विशु, अगमवीर सिंह और विचित्र सिंह के खिलाफ पूरनपुर कोतवाली में हत्या का मुकदमा दर्ज किया गया। एफआईआर की प्रति मिलने के बाद ही परिजनों ने शव उठाने की अनुमति दी, जिसके बाद पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा।
पुलिस का बयान
कोतवाल पवन कुमार पांडे का कहना है कि परिजन हत्या का आरोप लगा रहे थे, जिस कारण वार्ता में समय लगा। एफआईआर दर्ज कर ली गई है और मामले की जांच आगे बढ़ाई जा रही है।

